राम मंदिर ट्रस्ट की बैठक में चंपत राय का महासचिव तो अनिल मिश्रा का सदस्य पद से इस्तीफा मंजूर कर लिया गया है. दान चोरी केस में लापरवाही मामले में उनका इस्तीफा स्वीकार किया गया है. वहीं बैठक के दौरान गोपाल राव को सदस्यों ने मीटिंग रूम में ही घुसने से रोक दिया गया. राव कंट्रोल रूम में देखे गए. इससे पहले हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच ने उस याचिका को खारिज कर दिया, जिसमें राम मंदिर दान चोरी की सीबीआई से जांच कराने की मांग की गई थी.
अयोध्या राम जन्मभूमि परिसर में श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की अहम बैठक बंद कमरे में चली. सूत्रों के अनुसार, बैठक शुरू होने से पहले ट्रस्ट सदस्यों के अलावा अन्य सभी लोगों को परिसर से बाहर कर दिया गया. सेवादारों, कर्मचारियों और सुरक्षा बलों को भी गेस्ट हाउस से बाहर भेज दिया गया, जिसके बाद केवल ट्रस्ट पदाधिकारी ही बैठक में शामिल हुए. इस बीच, ट्रस्ट के विशेष आमंत्रित सदस्य गोपाल राव राम जन्मभूमि परिसर में मौजूद होने के बावजूद बैठक में शामिल नहीं किए गए. सूत्रों का कहना है कि गोपाल राव पर भी हालिया दान गबन मामले में गंभीर आरोप लगे हैं, जिसके चलते उन्हें बैठक से दूर रखा गया. हालांकि, ट्रस्ट की ओर से इस संबंध में अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि या बयान जारी नहीं किया गया है.












